पत्रकार को धमकी देने वाले बिल्डर के खिलाफ केस दर्ज़,बिल्डर व गुर्गे फरार

युरेशिया नई दिल्ली। विश्व पत्रकार महासंघ दिल्ली प्रदेश ने मध्य जिला पुलिस उपायुक्त संजय भाटिया व एडिशनल डी सी पी रोहित कुमार मीणा को ज्ञापन व मांग पत्र सौंप कर पत्रकार मणि आर्य को धमकी देने वाले बिल्डर के खिलाफ मुकदमा दर्ज़ करके कार्रवाई की मांग की थी। पत्रकार मणि आर्य ने दिल्ली के पहाड़गंज में बाराही माता मंदिर में चल रहे अवैध निर्माण और निगम में फैले भ्रष्टाचार और भू - माफिया बिल्डर द्वारा सरकारी भूमि पर कब्जे को लेकर खबर को प्रकाशित की थी। जिसके बाद अब दिल्ली पुलिस ने सच दिखाकर प्रशासन को जगाने वाले स्थानीय पत्रकार मणि आर्य को धमकी देने वाले बिल्डर व उसके गुर्गों के खिलाफ नबी करीम थाना पुलिस भारतीय दंड सहिंता की धारा 506 के अंतर्गत रिपोर्ट संख्या 0013/2020 के तहत ने जान से मारने की धमकी देने का केस दर्ज़ कर लिया है। केस दर्ज़ होने की भनक लगते ही गिरफ्तारी के डर से आरोपी बिल्डर और उसके कई गुर्गे भूमिगत हो गए हैं। गौरतलब है की स्थनीय जनप्रतिनिधियों से सांठगांठ करके बिल्डर बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण करने में माहिर माना जाता है इसलिए निगम पार्षद से लेकर महापौर तक मंदिर पर अवैध निर्माण को

बागपत निसार हत्याकांड मामले में चौकी इंचार्ज लाइन हाजिर, 3 निलंबित

विश्व बंधु शास्त्री


बागपत। उत्तर प्रदेश में बागपत कोतवाली क्षेत्र के निवाड़ा गांव में दो दिन पहले निसार हत्याकांड मामले में पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई करते हुए चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक को लाइन हाजिर कर दिया जबकि तीन पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया है। 
पुलिस अधीक्षक प्रताप गोपेन्द्र सिंह ने मंगलवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि16 मई को निवाड़ा गांव में दो पक्षों में हुए संघर्ष में महिला ग्राम प्रधान के जेठ निसार की हत्या कर दी गई थी। घटना की रोकथाम के संबंध में बरती गई लापरवाही को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस अधीक्षक ने निवाड़ा पुलिस चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक जनार्दन शर्मा को लाइन हाजिर कर दिया जबकि मुख्य आरक्षी बिजेन्द्र, मुख्य आरक्षी सूरजपाल, कॉन्स्टेबल नीरज कुमार को निलंबित किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रथम दृष्टया इन कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है। इस संबंध में पुलिस क्षेत्राधिकारी बागपत की ओर से जांच की जा रही है।
 गौरतलब है कि 13 मई को दोनों पक्षों के बीच झगड़ा हुआ था। जांच में पाया गया है कि बीट के सिपाहियों ने अधिकारियों को जानकारी नहीं दी। इसके बाद 16 मई को हाजी निसार की हत्या कर दी गई थी, जिसमें 23 लोग नामजद हैं।


Popular posts from this blog

परीक्षितगढ़ क्षेत्र के ग्राम सिखैड़ा में महिला मिली कोरोना पॉजिटिव

मवाना में अवैध मीट कटान रोकने गई पुलिस टीम पर हमला 

माछरा गांव में खुलेआम उड़ाई जा रही हैं लॉक डाउन की धज्जियां